भारत के विकास मॉडल की गूंज अब दुनिया में.
* भारत के विकास मॉडल की गूंज अब दुनिया में…!*
इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की खुलकर सराहना करते हुए कहा—
**बीते वर्षों में भारत में 25 करोड़ से अधिक लोग गरीबी से बाहर आए हैं। इसका श्रेय सरकार द्वारा डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से लोगों के बैंक खातों में भेजे गए ₹50 लाख करोड़ (50 ट्रिलियन रुपये) को दिया।*
*”मैं आपके करियर को फॉलो करता हूं और आपके कई विकास कार्यक्रमों को अपनाता हूं। अगर ये भारत में करोड़ों लोगों के लिए सफल रहे हैं, तो इन्हें अपनाने में मुझे कोई संकोच नहीं। अच्छी मिसाल पर कोई कॉपीराइट नहीं होता।”*
इस टिप्पणी पर पूरे बैंक्वेट हॉल में तालियां गूंज उठीं और प्रधानमंत्री मोदी भी मुस्कुरा पड़े।
यह सिर्फ एक प्रशंसा नहीं, बल्कि भारत के विकास मॉडल और सुशासन की वैश्विक स्वीकार्यता का प्रमाण है। आज भारत केवल अपनी प्रगति नहीं कर रहा, बल्कि दुनिया के लिए भी प्रेरणा बन रहा है।
*”जब नीतियां परिणाम देती हैं, तो दुनिया उन्हें अपनाती है।”*
* “मेरे अंदर भारतीय DNA है…” — इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो*
जकार्ता में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की राजकीय यात्रा के दौरान आयोजित भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने एक दिलचस्प अनुभव साझा किया।
उन्होंने कहा:
*”भारत की अपनी राजकीय यात्रा से पहले मैंने जीनोम सीक्वेंसिंग (DNA) टेस्ट कराया। उसमें पता चला कि मेरे अंदर भारतीय DNA है। शायद यही वजह है कि जब भी मैं भारतीय संगीत सुनता हूं, तो मेरा पूरा शरीर खुद-ब-खुद थिरकने लगता है।”*
राष्ट्रपति प्रबोवो के इस बयान पर कार्यक्रम में मौजूद भारतीय समुदाय ने जोरदार तालियों से उनका स्वागत किया।
*यह टिप्पणी भारत और इंडोनेशिया के बीच सदियों पुराने सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और सभ्यतागत रिश्तों की आत्मीयता को भी दर्शाती है। दोनों देशों के संबंध केवल कूटनीति तक सीमित नहीं, बल्कि साझा विरासत और लोगों के बीच गहरे जुड़ाव पर आधारित हैं।*
इंडोनेशिया ने मोदीजी को अपने देश के सबसे बड़े अवार्ड से सम्मानित किया जिस पर मोदी जी ने कहा कि ये भारत और ई इंडोनेशिया की साझी विरासत का सम्मान है।
आशा है भारत और इंडोनेशिया के सम्बंध नई ऊंचाइयों को छुएंगे और भारत को सुपरपॉवर बनाने में इंडोनेशिया की बहू महत्वपूर्ण भागीदारी होगी।
जय हिंद जय भारत


